मध्य प्रदेश/रांची : मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने पेशाब कांड के पीड़ित के पैर धोए हैं. उन्होंने पीड़ित को अपने भोपाल स्थित सरकारी आवास पर बुलाकर उनसे मुलाकत की. इस दौरान शिवराज सिंह ने घटना के लिए पीड़ित से माफी मांगी. मुख्यमंत्री ने पैर धोए, उनकी आरती उतारी और शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया.
इस मुलाकात के बाद मुख्यमंत्री शिवराज ने ट्वीट कर लिखा,
‘मन दुखी है. दशमत जी आपकी पीड़ा बांटने का यह प्रयास है. मैं आपसे माफी भी मांगता हूं, मेरे लिए जनता ही भगवान है.’
मन दु:खी है; दशमत जी आपकी पीड़ा बाँटने का यह प्रयास है, आपसे माफी भी माँगता हूँ, मेरे लिए जनता ही भगवान है! pic.twitter.com/7Y5cleeceF
— Shivraj Singh Chouhan (मोदी का परिवार ) (@ChouhanShivraj) July 6, 2023
वहीं इससे पहले शिवराज सिंह चौहान ने ट्वीट कर आदिवासी युवक और उनके परिजनों से मिलने की इच्छा जताई थी. उन्होंने एक ट्वीट कर बताया कि वो 6 जुलाई को सीएम हाउस में पीड़ित के परिवार से मिलेंगे. शिवराज सिंह ने ट्वीट कर कहा था,
‘जबसे मैंने सीधी की घटना का वीडियो देखा, तब से मन अत्यधिक व्याकुल और हृदय पीड़ा से भरा हुआ है. मैं तबसे ही दशमत जी से मिलकर उनका दुःख बांटना चाहता था और यह विश्वास भी दिलाना चाहता था कि उनको न्याय मिलेगा. कल उनसे और उनके परिवार से भोपाल में अपने निवास पर मिलकर अपनी संवेदनाएं व्यक्त करने के साथ परिवार को ढांढस बंधाऊंगा.’
जबसे मैंने सीधी की घटना का वीडियो देखा, अंतर्मन अत्यधिक व्याकुल और हृदय पीड़ा से भरा हुआ है।
मैं तबसे ही दशमत जी से मिलकर उनका दुःख बांटना चाहता था और यह विश्वास भी दिलाना चाहता था कि उनको न्याय मिलेगा।
कल उनसे और उनके परिवार से भोपाल में अपने निवास पर मिलकर अपनी संवेदनाएं…
— Shivraj Singh Chouhan (मोदी का परिवार ) (@ChouhanShivraj) July 5, 2023
क्या है मामला?
बताते चलें कि सीधी में नशे में धुत प्रवेश शुक्ला ने सीढ़ियों पर बैठे एक आदिवासी युवक पर पेशाब कर दी थी. आरोपी सीधी के BJP विधायक केदार शुक्ला का प्रतिनिधि प्रवेश शुक्ला बताया गया, हालांकि विधायक की तरफ से इस बात से इनकार किया गया. लेकिन घटना का वीडियो वायरल होने के बाद विपक्षी कांग्रेस पार्टी सत्तारूढ़ BJP पर हमलावर हो गई. वहीं सरकार से मामले में कार्रवाई को लेकर सवाल पूछे जाने लगे. इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया. मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के आदेश के बाद आरोपी पर नेशनल सिक्योरिटी एक्ट (NSA) सहित कई धाराओं में केस दर्ज किया गया. अधिकारियों की तरफ से बताया गया कि वायरल वीडियो लगभग एक हफ्ते पुराना है.